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Reposts
  • shristi_dubey 5w

    Random one!!

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    फ़िज़ूल कि बात सोचना बंद कर दे,
    बुरा इसका असर होगा
    जब बंद कर दोगे चाहत मंज़िल पाने की
    तब सुहाना हर सफर होगा।
    ©shristi_dubey

  • shristi_dubey 11w

    उसके पास सोने के लिए चादर नहीं है,
    फिर भी ख्वाबों के बाहर लिए बैठा है।

    फटे जूते, फटे कपडे है
    फिर अपने चेहरे पर पता नहीं कैसे मुस्कान लिए बैठा है।

    युही तुम नज़र मत फेरा करो उससे,
    ऐसे भला कौनसी रईसी जताई जाती है
    कभी तुम ख़ुशी से दो निवाले परोस कर देखो उसे,
    वह तुम्हारे लिए दुआओ के पिटारे खोल कर बैठा है।
    ©shristi_dubey

  • shristi_dubey 14w

    अपने सुकून को गवा कर मैंने उस इंसान को दिन रात काम करते देखा है,
    हो जितने भी परेशान पर, हमेशा मेरे सामने अपनी परेशानी को छुपाते हुए देखा है
    जेब में भले ही हो बजट उनके कम,
    पर मेरी ज़रूरतों को उन्होंने कभी भी नहीं इंकारा है,
    अगर सच बताऊँ,
    मैंने अपने पिता से अमीर इंसान आज तक नहीं देखा है।
    ©shristi_dubey

  • shristi_dubey 17w

    मसान

    मसान की हवा में कुछ अलग ही नूर है
    अपनी मरघटे जलाना सबको नामंज़ूर है।

    किसीका लाखो में एक, लाखो के जैसा बन जाता है,
    तो किसी के माथे का सिन्दूर कही दूर उड़ जाता है।

    यह कैसा दस्तूर है, पुरा मानव जाती मजबूर है।

    मरघट में जलकर माटी में समाना मंज़ूर नहीं, यह तो कोई दस्तूर नहीं।
    शव सा जलकर कोई कुछ नहीं कर पाया
    जीवन में सूरज सा जलकर
    महान व्यक्ति अमर हो पाया।
    ©shristi_dubey

  • shristi_dubey 19w

    .

    तुम ज़िन्दगी को जिओ,
    उस से जूझने की कोशिश क्यों करते हो।

    चलते वक़्त के साथ तुम भी चलो,
    'आगे क्या होगा', उसकी फ़िक्र क्यों करते हो।

    तुम पंख फैला कर ऊँची उड़ान भरो,
    अपने आप मे घुटन महसूस क्यों करते हो।

    अपने सपनो को पूरा करो,
    'लोग क्या कहेंगे'की चिंता क्यों करते हो।

    अपने आप से क्यों उलझते हो,
    जो सुकून ना दे उसकी तमन्ना ही क्यों करते हो,
    कुछ चीज खुदा पर भी छोड़ दो
    सब मुश्किलों से खुद ही क्यों उलझते हो।
    ©shristi_dubey

  • shristi_dubey 22w

    .

    जलते दीपक को मशाल बनने से तुम कब तक टोकोगे,
    वह काली रात को देखने वाली आँखों से तुम सुबह की रौशनी कब तक रोकोगे।

    मैं वह हवा का झोका नहीं जो यूही बेहक जाऊ
    तुम मुझे उस घने अँधेरे मे भी जुगनू की तरह चमकता देखोगे।

    मैं वह नहीं जो तुमसे यूही डर जाऊ
    मैं वह गहरा समुन्दर सा हु,
    तुम मुझे अपनी कंकर से कब तक रोकोगे।

    ठान ली है कुछ पाने की, सोच ली है कुछ करने की
    आज नहीं तो कल तुम मुझे सितारों की भाति चमकता देखोगे,
    मेरे हदों से कुछ ज़्यादा करने से तुम मुझे कब तक रोकोगे
    ©shristi_dubey

  • shristi_dubey 23w

    You are an ocean as peace,
    Wounds will heal just with your kiss

    You are my sunset, you are my sunrise
    The whole beautiful nature is in your eyes

    You are so sweet as honey and cute as a bunny

    You are my protector from birth to death,
    Mom, I will be your defender till my last breath
    ©shristi_dubey

  • shristi_dubey 26w

    किस्मत तो आया था सारी इच्छाओ का आसमान लेकर,
    तुम ही पँख फैलाकर उड़ने की हिम्मत न कर पाय।
    ©shristi_dubey

  • shristi_dubey 27w

    समय-समय की बात होती है
    कुछ ज़ुबानी कह जाते है तो कोई आँसुओ मे सह जाते है
    ©shristi_dubey

  • shristi_dubey 29w

    STREET LIGHT

    At the midnight, when the road sleeps,
    and the sky is deep,
    Some headlight sparks,
    and that group of quadruped barks,
    That time the road was all alone.
    Still I could feel some footsteps follows,
    But, there was a beam of light,
    helped me in my silent fight,
    and that was a STREET LIGHT
    ©shristi_dubey