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  • seven_thoughts__ 1w



    छटती धुंध के साथ साफ़ हर सवाल हो रहा था
    उनका हुस्न उनके तेवर क्या बवाल हो रहा था
    लबों पर हल्की सी लाली ज़ुल्फ़ों को संवार रखा था
    उसे गुस्सा करते देख उससे और भी प्यार हो रहा था ।।
    ©seven_thoughts__

  • seven_thoughts__ 1w

    राब्ता अब तुम्हारी यादों से है
    ख़ैर इक पल तेरे बग़ैर काटता नहीं
    सुर्ख़ रहती हैं आज कल निगाहें मेरी
    ग़म जुदाई का मैं तुझसे सह सकता नहीं ।।
    ©seven_thoughts__

  • seven_thoughts__ 3w

    `

    मांझा कोई कोई डोर ही सही
    मेरे मुक़द्दर को ये ज़ंज़ीर ही सही
    गुज़र जाएगी ये उम्र तन्हा ही रघू
    इस राँझे को उसकी तस्वीर ही सही ।।
    I still miss you.
    ©seven_thoughts__

  • seven_thoughts__ 4w

    New year but same pain.

    हर लिहाज़ से तबाह हो चुके थे
    सब सह कर भी देखा
    सब कह कर भी देखा ।।

    New year changed nothing.
    ©seven_thoughts__

  • seven_thoughts__ 4w

    New year 2015--2022

    हमे तो उसकी याद हर पल सताएगी
    क्या इस साल उसे भी हमारी याद आयेगी ??
    मेरे लिए उसे भुलाना तो मुमकिन नहीं
    क्या इस साल वो हमें याद कर पाएगी ??
    ©seven_thoughts__

  • seven_thoughts__ 7w

    The last breaths....✝️

    सराबोर हो गए हैं ज़िन्दगी की जद्दोजहद से
    अब मेरी रूह को सुकूँ चाहिए
    इस दफ़ा जो बंद करूँ पलकें रघू
    तो फिर क़भी खुलनी नहीं चाहिए ।।
    ये ख़त आख़िरी हो आख़िर हो सलाम मेरा
    अब रुक जाए कलम मेरी बस निशान होने चाहिए
    मुक़र्रर हो सज़ा मेरी बस मेरी रूह आबाद होनी चाहिए
    इस दफ़ा जो बंद करूँ पलकें रघू
    तो फ़िर कभी खुलनी नहीं चाहिए ।।
    Flowers of my funeral
    ©seven_thoughts__

  • seven_thoughts__ 7w

    | ` |

    तुम घबराए नहीं तो समझो तुम्हें इश्क़ भी हुआ नहीं
    चलते चलते सिफ़र में गुलिस्ताँ कोई खिला नहीं
    तंग गलियों से गुज़रे रक़ीब पर संग कोई चला नहीं
    तुम घबराए नहीं रघू तो समझो इश्क़ तुम्हें हुआ नहीं
    ©seven_thoughts__

  • seven_thoughts__ 7w

    `

    दर्द इतना है अब तुम्हें क्या मैं बताऊं
    हाल बेहाल है तुम्हें कैसे मैं समझाऊँ
    समझ लेना मेरे गुस्से में छिपे प्यार को गालिब
    लफ़्ज़ों में बयां ना कर सकूं जो ;
    आखिर वो प्यार तुम्हें कैसे जताऊं ??
    ©seven_thoughts__

  • seven_thoughts__ 8w

    यूं ही नहीं मिल जाते रिश्ते जन्मों के
    लग जाती है एक उम्र कुछ वादे निभाने में
    कुछ वार देते हैं सब कुछ अपना
    कुछ कहते हैं कुछ तो क़सर रह गयी होगी
    साथ निभाने में ~
    ©seven_thoughts__

  • seven_thoughts__ 10w

    `

    ख़बर मेरे मरने की तुम तक पहुंचा देंगे
    इश्क़ था तुमसे ये सबको बता देंगे
    अब दोबारा मिलना नहीं होगा तुमसे जानी
    बस इस एहसास से मरने के भी पहले सौ बार हम मरेंगे ।।
    ~
    ©seven_thoughts__