• kumar_atul 31w

    पानी की लकीरों से गुज़रा
    ये दिल कुछ ठोस कुछ मलमल सा है
    .
    सोख गया कहीं गीला सा कोना
    छोड़ गया कहीं दलदल सा है।

    ©कुमार_अतुल