• stardust_16 68w

    इश़्क

    इश्क में हम इतने मग़रूर हो गए।
    जितने भी गु़रुर थे, सारे चूर हो गए।।
    हमारी दिल्ल़गी ने, उनकी बेव़फाई में जब दम तोड़ा।
    तो भरी महफ़िल में हम भी मश़हूर हो गए।।
    ©stardust_16