• nityasingh_bhoomi 48w

    तुम्हारी ज़िद में जुनून कम है ये दिख रहा है
    तेरे कलेजे में खून कम है ये दिख रहा है,

    हमारी स्वेटर बुनी नहीं जा सकेगी तुमसे
    तुम्हारी तीली में ऊन कम है ये दिख रहा है,

    तुम्हारी क़ुर्बत की जुस्तजू अब बची नहीं है
    मेरे ज़हन को सुकून कम है ये दिख रहा है,

    मैं जून की सिर्फ एक तारीख पढ़ रहा हूँ
    तेरे कलेंडर में जून कम है ये दिख रहा है,

    तुम्हारी तबियत भी पूछने वाले लोग कम हैं
    मेरी तरफ़ भी हुजूम कम है ये दिख रहा है।

    ©नित्या सिंह 'भूमि'