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  • kumar_atul 4w

    Purane makaan ke antim kamre
    ki upri daraaz mein bani mandir si tum

    Shaam ko aate waqt gali
    ki nukkad se ghar ki dehleej tak,
    har kadam pe mili
    ik jeet si tum

    Monsoon ke din mein
    kuch kapde maile dhokar sukhaye,
    jo dhoop si aaye wo umeed si tum

    Pareeksha subah, raat so na paaye
    aankh malke jaaye jo, wo meet si tum

    kamzor dil ki naseehat liye
    chup labon pe kaan lagaye,
    sangeet si tum

    Deewar se girke keel gire,
    saath gire jo saath lage
    wo tasveer si tum.


    ©kumar_atul

  • kumar_atul 4w

    Aaj sabr hai, aaj sukoon hai
    Aaj na toh dil mein ghaav hai
    Na toh nazar mein khoon hai

    ©kumar_atul

  • kumar_atul 5w

    Ye kaisa sar dard
    Kis nabz ki bimari hai
    Jo mere sote hue hai chhede
    Mere yaar ki almari hai

    ©kumar_atul

  • kumar_atul 6w

    फिल्मों की शक्लों में जैसे नूर दिखाई दे,

    ऐसा असल में होता है जब कोई दूर दिखाई दे।

    ©kumar_atul

  • kumar_atul 9w

    भागना ही इक सहारा है,
    ठहराव के इस खेल में।

    इक अरसा मैंने गुज़ारा है,
    बस दो सुइयों के मेल में।

    ©kumar_atul

  • kumar_atul 9w

    ख्याल भी कच्चे मयखानों से,
    सस्ते से नशे करा गए।

    ©कुमार_अतुल

  • kumar_atul 9w

    अंगीठी का बालन
    सूरज की ज्वाला
    ना चुनरी ना
    पेड़ों की छांव

    मुठ्ठी में पेड़े
    कर गया कोई
    कहके
    खिलाने के बड़े चाव

    दहलीज पे द्वार
    धरे
    मोड़ को मोड़े
    नर खड़ा कोई
    पूछे क्यूं
    घर ना छोड़े पांव

    मान मर्यादा ना
    लांघ सकी
    रहे
    पिता के थोड़े घाव।

    ©कुमार_अतुल

  • kumar_atul 12w

    पानी की लकीरों से गुज़रा
    ये दिल कुछ ठोस कुछ मलमल सा है
    .
    सोख गया कहीं गीला सा कोना
    छोड़ गया कहीं दलदल सा है।

    ©कुमार_अतुल

  • kumar_atul 25w

    कभी लगे कि इलाज की जरूरत है,
    कभी लगे कि सिर्फ आज की जरूरत है।

    ©कुमार_अतुल

  • kumar_atul 32w

    इक कमरे के मकान में
    पूरे फर्श पे बिछा हुआ पायदान है तू

    वहीं दीवार की इक टूटी ईंट में बने
    मंदिर का भगवान है तू

    तेरे भरोसे जो हर सांस ले
    हर सांस पर लिखा वो एहसान है तू

    तू है उनका पहला सहारा
    आखिरी उनका सामान है तू ।

    ©कुमार_अतुल