goldenwrites_jakir

jakir Golden writes ������ 20 * 08 * 1989

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  • goldenwrites_jakir 18w

    आज फिर कोरे कागज पर तेरी तस्वीर उतारी है
    भूली बिसरी तेरी वफ़ा की फुलबारी दिल मे खिलाई है
    मुरझा गया तेरे दिल मे मेरा प्यार - भूलकर दिल के जख्म को
    फिर तुझे यादो के चमन मे खिलाया है ...।।
    ©goldenwrites_jakir

  • goldenwrites_jakir 18w

    पुराना सायद मेरा रिस्ता उनकी जिंदगी मे बन गया
    मे ठहरा रहा उनके लिए और उनकी जिंदगी मे अंधेरा बन गया
    चाँद देखूँ या देखूँ यादों के उन उजालों को
    तेरे सिबह कुछ और नजर नहीं आए
    वो जिंदगी का गुम नाम अंधेरा मे बन गया ....
    ©goldenwrites_jakir

  • goldenwrites_jakir 19w

    Song .....

    दिल चाहता है फिर मुलाक़ात हो
    आँखों ही आँखों मे दिल की हर इक बात हो
    दिल चाहता है दो दिल इक जान इक ख्वाब हो
    मिलो की दुरी तन्हाई की क़ैद से फिर रिहाई हो
    दिल चाहता है फिर मुलाक़ात हो आँखों ही आँखों मे हर इक बात हो दिल चाहता है फिर मुलाक़ात हो ......
    ©goldenwrites_jakir

  • goldenwrites_jakir 19w

    Song

    हम मिले मिलकर जुदा हो गए
    जिंदगी की कहानी यादो के जुगनू से रोशन
    सारे ख्वाब सारी हसरत आँखों के रास्ते
    बेबजह सब पराय होते चले गए
    हम मिले मिलकर जुदा हो गए ........

    रास्तों मे तन्हाई मिलो तक इंतजार सफर जिंदगी का
    फूलों के बदले काँटों का पहाड़ ---- चुबता है हर एक लम्हा तेरे बिना दिल की धड़कन मे वो तेरी वफ़ा का हार
    हम मिले मिलकर जुदा हो गए जिंदगी के सारे ख्वाब अधूरे हो गए बेपनाह ख्वाईशो की शाम ढल गई
    हम मिले मिलकर जुदा हो गए .....

    याद आती है ज़ब ज़ब सुबह शाम दिल रोता है फरियाद करता है जख्म दिल को बेपनाह बेहिसाब दे गए
    उलझी नहीं थी जिंदगी तन्हा ज़ब हुए सारी दुनिया हम भूल गए हम मिले मिलकर जुदा होगए
    हम मिले मिलकर जुदा हो गए --------------- ।।
    ©goldenwrites_jakir

  • goldenwrites_jakir 24w

    #prayasss72 चार लोग

    ज़िन्दगी के सफर में ना जाने कितने लोग मिले
    कोई अपना कोई बेगाना सब के सब दिल से कमजोर मिले
    बदलना सब चाहते है समाज में हो रहे बदलाब को
    मगर सब एक दूसरे पर निर्भर है ???????

    कोई भी खुदको आगे लाने की हिम्मत कोसिस नहीं करता
    बस मिलकर चार लोग एक दूसरे पर इल्जाम लगाते हैं

    भूलकर बैठे वो सब एक झुट की ताकत सब अलग अलग बटे हुए हैं हम इंसान चार है पर चार नजर नहीं आते ।।


    ©goldenwrites_jakir

  • goldenwrites_jakir 24w

    ख़्वाबों में आना हक़ीक़त से दूर रहना
    आँखों में बादल बनकर - हर कभी बरस जाना

    सौगाते हर रोज नई - ज़िन्दगी में दे जाती हो
    कभी ख्याल बनकर कभी यादों में आकर
    वो कहानी हो तुम मेरी
    कभी लफ़्ज़ कभी अल्फाज़ बनकर
    इक तस्वीर तेरी मेरी ही परछाई में नजर आती है
    मेरा ही आईना बनकर ।।
    ©goldenwrites_jakir

  • goldenwrites_jakir 24w

    Collab with @jiya_khan

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  • goldenwrites_jakir 24w

    दोनों एक साथ एक लहजे में पढ़ना
    ��������������������������
    Collab with @harish8588

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  • goldenwrites_jakir 24w

    एहसास के चिराग में अभी लौ बाक़ी है
    धड़कने दिल में - इंतजार आँखों में बाक़ी है
    क़त्ल हर रोज वो मेरा कर जाता है तन्हाई के खंजर से
    और जान रूह में यादों से दे जाती है

    ©goldenwrites_jakir

  • goldenwrites_jakir 24w

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