#sh_gopal

10 posts
  • aarif6396 106w

    स्कूटी

    जब तुम मेरे पास से स्कूटी लेकर निकलती
    होना तो दिल की धड़कन एक दम बड
    जाति लगाता है कि अब तो जिस्म
    से रुह निकाल ही जाएगी
    ©aarif6396

  • nishantdev 155w

    मैंने युग बदलते देखा है

    घर में माँ ना होने पर, कदम सराय को बढ़ते देखा है
    कभी एकसाथ रहने वालों को, किसी कारण से मिलते देखा है
    कभी आपसी समझ से संयुक्त रहे घर को, एकल बनते देखा है
    मैंने युग बदलते देखा है मैंने अपनों को लड़ते देखा है
    ©nishantdev

  • nishantdev 156w

    अभिमन्यु

    वीर वही सच्चा जो संकट में शौर्य दिखाता है
    आयु के बंधन तोड़ कर्मों से, महारथी बन जाता है

    वातावरण का साथ ले फूल हज़ारों खिलते है
    अनुकूलता की गोदी में, जीवन लेकर बढ़ते है

    किन्तु मत भूलो सम्मान तो चल अंगारों पर ही मिलता है
    विशिष्ट स्थान तो फूलों में भी पंकज को ही मिलता है
    ©nishantdev

  • sh_gopal 163w

    #sunrise #myhome #myvilage #maa #papa #di #love #room #collage #yaar #bus #travel #rain #barish #sh_gopal

    हुआ उदय ..पड़ी पहली किरण
    सूरज ने जगाया, उत्सुकता ने उठाया

    ठंडे नीर से तन को
    जैसे मान शिवलिंग को
    किया शांत तन मन को

    जाना आज है अपने घर .
    झटपट से हुए काम ऐसे
    कि प्रबन्धन था आपदा का .

    स्वागत हुआ हमारा , मेघ
    बरसा पानी , झुलसे कण
    हुए मस्त, निखरी कलियाँ

    आखिर घर होकर
    मां पापा से मिले
    दी प्यारी मेरी...
    दूध रोटी मचल लिए

    ये सूरज आज उदय हुआ..
    आखिर घर हुए ,मन मेरा

    मचल* =चुरना ��

    Read More

    आ रहा हूं

  • 7saptarangi_lekhan 163w

    कर दिया है जो कत्ल इस दिल का
    दफना भी देना इसे तुम
    के तुम पर ही क्यूं आया ये
    इसकी सज़ा भी दे देना इसे तुम

    ©_7saptrangi_lekhan

  • sh_gopal 163w

    #vijaystambh #gorvashaali
    #chittorgarh #sh_gopal

    खड़ा हूँ ..
    लड़ा हूँ..

    विजय हूँ.
    शौर्य हूँ..

    मेरा अभिमान तू हैं..
    मेरा स्वाभिमान तू हैं..

    कितनो को सुलाया
    कितनो को रुलाया

    उस कायर
    उस घमंड

    मुग़ल की नीचता
    को मात देता हूँ

    खड़ा हूँ..
    लड़ा हूँ..

    ©sh_gopal

    Read More

    विजय पताका

  • sh_gopal 163w

    #Rajasthan #veer #chittorgarh #30march
    #paratap #NalkhraloRajasthan #RangiloRajasthan #mugal #Eklingji #bapparawal #shiva #hindu #hindi #hinduastan #ghatiyawali #sh_gopal #shorya #smile #veerbhumi #rangbirngi
    #Vasudhev #water #happy


    @keeraa @ss2908 @the_young_gun @atulmehpa @akshay21bawane
    @satyarya_ @krati_mandloi
    @just_smile_always
    @riyabansal @anitasinghanitya


    वन- वन में घूमे प्रताप जहाँ ,
    दल- दल में खिला कमल जहाँ ,
    कण - कण महकता हैं वहां।
    विरो रो स्थान जहाँ वो प्यारो राजस्थान हैं....।।

    चमचमाती हैं सोने सी जहाँ की धरती ,
    वीरो की वीरता नित्य जहाँ छलकती ,
    पुरुष ही नहीं , बच्चे भी देते शीश वहां
    प्रकृति हैं महेरबान वहां वो प्यारा राजस्थान हैं.।।

    इतिहास जहाँ का उजला हैं..
    राजवास वहां का किला हैं..

    वो सप्त रंगो का राजस्थान हैं ..

    वो प्यारा राजस्थान हैं ..
    वो प्यारा राजस्थान हैं..

    जहाँ जौहर को जन्म मिला
    जहाँ मुगलों को मात मिली
    वहां भामाशाह जैसे दानी मिले
    लहरा रहा आसमां में भगवा वहां

    वो प्यारा राजस्थान हैं ..वो प्यारा राजस्थान हैं..

    शासन जहां ,एकलिंग का
    आसन वहां , ब्रह्मा का

    लहलहराती हैं बालिया जहाँ
    बहती थी सरस्वती वहां
    वो उदार हृदय वाला....

    वो सप्त रंगो का राजस्थान हैं ..
    वो प्यारा राजस्थान हैं ..वो राजस्थान हैं

    ©Sh_Gopal

    Read More

    " राजस्थान "

  • 7saptarangi_lekhan 165w

    क. ख. ग. घ.

    क - कहकशां का कर्मकाल करके
    ख - खोदकर खुदको खज़ाना खोज
    ग - गीत गुनगुनाकर गम गिराके
    घ - घटना घने - घावघटा घोष


    ©_7saptrangi_lekhan

  • sh_gopal 166w

    हस्ता हुआ चेहरा हूं..
    मुस्कराते हुए चलता हूं..

    कहते सहज भोला हूं..
    सुन भक्त भोले का हूं.

    गुस्सा सहज आता नहीं..
    तांडव कभी करता नहीं..

    शिव आते नहीं..
    मैं बुलाता नहीं..

    रहते हैं मुझमें ...
    कहते नहीं मुझसे..

    अब जान भी गया..
    मैं ही ..शिव शिवाय: हूं।।
    ©sh_gopal

  • sh_gopal 166w

    #Sher@Hind #Sh_gopal #hindi #Hindu #hinduasthan #Ghandivaad #bagatsingh #veer #hindrahkshk
    Writer:.....✍️ unknown
    ������������������������������
    गांधी वाद नेहरू ....ये कलंक है हिन्दुस्थान के लिए
    शांति प्रिय लोग...शांति ही रखे यहां ज्वाला हे पिंगल सकते हो...

    सत्य..जो dukraya नहीं जा सकता है

    माना गांधी ने कष्ट सहे थे ,
    अपनी पूरी निष्ठा से ।
    और भारत प्रख्यात हुआ है,
    उनकी अमर प्रतिष्ठा से ॥

    किन्तु अहिंसा सत्य कभी,
    अपनों पर ही ठन जाता है ।
    घी और शहद अमृत हैं पर ,
    मिलकर के विष बन जाता

    इसीलिये भारत अखण्ड,
    अखण्ड भारत का दौर गया ।
    भारत से पंजाब, सिंध,
    रावलपिंडी,लाहौर गया ॥

    तब जाकर के सफल हुए,
    जालिम जिन्ना के मंसूबे।
    गांधी जी अपनी जिद में ,
    पूरे भारत को ले डूबे॥

    भारत के इतिहासकार,
    थे चाटुकार दरबारों में ।

    भारत का सच लिख पाना,
    था उनके बस की बात नहीं ।
    वैसे भी सूरज को लिख पाना,
    जुगनू की औकात नहीं ॥

    आजादी का श्रेय नहीं है,
    गांधी के आंदोलन को ।
    इन यज्ञों का हव्य बनाया,
    शेखर ने पिस्टल गन को

    कायरता का नशा दिया है,
    गांधी के पैमाने ने ।
    भारत को बर्बाद किया,
    नेहरू के राजघराने ने ॥


    कौरव का साथ निभाने वाले,
    भीष्म पिता थे गांधी

    भगत सिंह की फांसी को,
    दो पल में रुकवा सकते थे ।

    मन्दिर में पढ़कर कुरान,
    वो विश्व विजेता बने रहे

    मस्जिद में गीता पढ़ने की,
    हिम्मत तो करते बापू ॥

    रेलों में, हिन्दू काट-काट कर,
    भेज रहे थे पाकिस्तानी ।
    टोपी के लिए दुखी थे वे
    पर चोटी की एक नहीं मानी ॥

    तीन दिवस में श्री राम का,
    धीरज संयम टूट गया ।
    सौवीं गाली सुन, कान्हा का
    चक्र हाथ से छूट गया ॥

    गांधी जी की पाक, परस्ती पर
    जब भारत लाचार हुआ ।
    तब जाकर नथू,
    बापू वध को मज़बूर हुआ ॥

    गये सभा में गांधी जी,
    करने अंतिम प्रणाम ।
    ऐसी गोली मारी गांधी को,
    याद आ गए श्री राम

    नथू को फाँसी लटकाकर
    गांधी जो को न्याय मिला ।
    और मेरी भारत माँ को
    बंटवारे का अध्याय मिला

    अगर गोडसे की गोली
    उतरी ना होती सीने में ।
    तो हर हिन्दू पढ़ता नमाज ,
    फिर मक्का और मदीने में

    इससे पहले अस्थिकलश को
    सिंधु सागर की लहरें सींचे ।
    पूरा पाक समाहित कर लो
    इस भगवा झंडे के नीचें ॥
    ______________________

    Read More

    ऐ मां करता हूं प्रतिज्ञा ...
    तेरे इस रूप खंडित भारत को अखंडित बना के दम लूंगा ॥

    ©sh_gopal